
दुर्ग |
वेटरनरी की पढ़ाई करने के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। करीब सात वर्षों से लंबित बिलासपुर वेटरनरी कॉलेज को आखिरकार वेटरनरी काउंसिल ऑफ इंडिया (VCI) से मान्यता मिल गई है। अब कॉलेज आगामी शिक्षा सत्र से 80 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू करेगा। नीट परीक्षा के परिणाम जारी होने के बाद एडमिशन प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी।
अब तक प्रदेश में केवल अंजोरा स्थित एकमात्र वेटरनरी कॉलेज संचालित हो रहा था, जिसे 80 सीटों की मान्यता प्राप्त है। इनमें से 12 सीटें वीसीआई के लिए आरक्षित रहती हैं, जिससे प्रदेश के विद्यार्थियों के लिए सिर्फ 68 सीटें उपलब्ध हो पाती थीं। इसके चलते कई छात्रों को वेटरनरी शिक्षा के लिए दूसरे राज्यों का रुख करना पड़ता था।
2017 से चल रही थी मान्यता की प्रक्रिया
कामधेनु विश्वविद्यालय ने बिलासपुर में वेटरनरी कॉलेज शुरू करने के लिए वर्ष 2017 में आवेदन किया था। शुरुआती दौर में कॉलेज को मान्यता मिल गई थी, लेकिन बाद के वर्षों में स्टाफ और इंफ्रास्ट्रक्चर की कमी के चलते मान्यता अटकती रही। इस वर्ष फरवरी में वीसीआई की टीम ने निरीक्षण किया था, जिसमें कई कमियां पाई गई थीं। इन्हें दूर करने के लिए कॉलेज प्रबंधन को दो महीने का समय दिया गया था।
मार्च के अंतिम सप्ताह में वीसीआई टीम ने दसवीं बार कॉलेज का निरीक्षण किया। इसके बाद कॉलेज को सशर्त मान्यता प्रदान की गई। फिलहाल पांच में से तीन विभागों में शिक्षकों की भर्ती करने के निर्देश दिए गए हैं। भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और जुलाई तक इसे पूरा किए जाने की संभावना है।
फिलहाल फर्स्ट और सेकंड ईयर के लिए ही मान्यता
कॉलेज भवन का केवल दो फ्लोर का निर्माण कार्य पूरा हुआ है। इसी वजह से अभी केवल फर्स्ट और सेकंड ईयर की पढ़ाई के लिए मान्यता दी गई है। तीसरे और चौथे फ्लोर का निर्माण पूरा होने के बाद थर्ड और फोर्थ ईयर के लिए भी प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।
जानवरों की कमी भी बनी थी बाधा
वेटरनरी कॉलेज में प्रैक्टिकल प्रशिक्षण के लिए गाय, बकरी सहित अन्य पशुओं की आवश्यकता होती है। फरवरी में निरीक्षण के दौरान वीसीआई टीम ने मैनपावर के साथ-साथ पशुओं की कमी को भी गंभीर खामी माना था। इसके बाद विश्वविद्यालय प्रबंधन ने गुजरात से गाय और महाराष्ट्र से अन्य जानवर मंगवाए। पशुओं की उपलब्धता सुनिश्चित होने के बाद वीसीआई ने 80 सीटों पर प्रवेश की अनुमति प्रदान कर दी।
क्या बोले अधिकारी
पूर्व प्रभारी अधिकारी डॉ. एसपी इंगले ने बताया कि नए शिक्षा सत्र से 80 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा। फिलहाल प्रथम और द्वितीय वर्ष के लिए मान्यता मिली है। शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिसे प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से पहले पूरा कर लिया जाएगा।

