
रायपुर। राजधानी रायपुर के न्यू राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र से नाबालिग के साथ लंबे समय तक दुष्कर्म, जबरन गर्भपात कराने और नवजात शिशु को बेचने का गंभीर मामला सामने आया है। 16 वर्षीय पीड़िता ने अपने पिता पर करीब तीन साल तक दैहिक शोषण करने का आरोप लगाया है। शिकायत के बाद पुलिस ने पिता और बुआ समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के मुताबिक, पीड़िता ने शिकायत में बताया कि वर्ष 2023 में अमलीडीह क्षेत्र में एक रिश्तेदार के घर उसके पिता ने कथित तौर पर उसे शराब पिलाई और मारपीट कर दुष्कर्म किया। घटना किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है। इसके बाद भी आरोपी लगातार उसका शोषण करता रहा।
पहली बार गर्भवती होने पर कराया गर्भपात
पीड़िता के अनुसार, दुष्कर्म के कारण वह पहली बार गर्भवती हुई। इसकी जानकारी उसने अपनी बुआ को दी। आरोप है कि बुआ ने पिता का साथ देते हुए उसके साथ मारपीट की और जबरन गर्भपात की दवा खिला दी। पुलिस मामले में इस घटनाक्रम से जुड़े आरोपों की जांच कर रही है।
दूसरी बार गर्भवती हुई तो उम्र छिपाने का आरोप
पुलिस के मुताबिक, वर्ष 2025 में पीड़िता दोबारा गर्भवती हुई। इसके बाद उसकी वास्तविक उम्र छिपाने के लिए कथित तौर पर फर्जी आधार कार्ड तैयार कराया गया और उसे बालिग दिखाया गया। आरोप है कि पीड़िता को शादीशुदा बताकर डंगनिया स्थित वासुदेव अस्पताल में भर्ती कराया गया।
अस्पताल में बेटे का जन्म, नवजात को बेचने का आरोप
अस्पताल में पीड़िता ने एक बेटे को जन्म दिया। पुलिस के अनुसार, प्रसव के बाद नवजात शिशु को किसी अन्य व्यक्ति को बेचने का आरोप सामने आया है। पुलिस अब नवजात से जुड़े पूरे घटनाक्रम और इसमें शामिल सभी लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
पिता-बुआ समेत 6 आरोपी गिरफ्तार
पीड़िता की शिकायत पर न्यू राजेंद्र नगर पुलिस ने पॉक्सो एक्ट, जेजे एक्ट और बीएनएस की संबंधित गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में रोहित राय, साहेब मंडल, योगिता राय उर्फ गीता और बरखा वर्मा उर्फ वर्षा मंडल समेत अन्य लोग शामिल हैं।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और फर्जी दस्तावेज तैयार कराने, अस्पताल में भर्ती कराने तथा नवजात को बेचने के आरोपों से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।

