
दुर्ग। जिले में H1N1 वायरस यानी स्वाइन फ्लू के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार अब तक 13 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। इनमें से 4 मरीज उपचार के बाद स्वस्थ होकर अस्पताल से घर लौट चुके हैं, जबकि 2 मरीजों का इलाज घर पर ही चल रहा है। वहीं 7 संक्रमित मरीजों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कर उपचार दिया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग सभी मरीजों की स्थिति पर लगातार निगरानी रख रहा है।
कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले लोगों को ज्यादा सावधानी
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से संक्रमण को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। खासतौर पर छोटे बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को अधिक सावधानी रखने की सलाह दी गई है। इन वर्गों में संक्रमण के गंभीर रूप लेने का जोखिम अपेक्षाकृत अधिक हो सकता है।
13 संक्रमित मरीजों में 4 स्वस्थ
जिले में सामने आए कुल 13 H1N1 मामलों में से 4 मरीज इलाज के बाद पूरी तरह स्वस्थ हो चुके हैं। स्वास्थ्य में सुधार होने के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। इसके अलावा 2 मरीजों की हालत ऐसी है कि उन्हें अस्पताल में भर्ती करने की आवश्यकता नहीं पड़ी और उनका उपचार घर पर ही किया जा रहा है। फिलहाल 7 मरीज अस्पताल में भर्ती हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों को किया अलर्ट
महामारी नियंत्रण अधिकारी डॉ. सीबीएस बंजारे के अनुसार स्वास्थ्य विभाग संक्रमण को लेकर सतर्क है। जिले के स्वास्थ्य केंद्रों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि H1N1 से संबंधित मरीज मिलने पर इसकी जानकारी तत्काल स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन को उपलब्ध कराई जाए, ताकि समय पर आवश्यक कदम उठाए जा सकें।
सर्दी-खांसी को सामान्य बीमारी समझकर न करें नजरअंदाज
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक स्वाइन फ्लू की शुरुआत कई बार सामान्य बुखार, सर्दी-जुकाम और खांसी जैसे लक्षणों से होती है। इस वजह से कई लोग इसे सामान्य वायरल समझकर इलाज में देरी कर सकते हैं।
यदि बुखार, खांसी, गले में खराश या सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण दिखाई दें तो चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है। खासकर बुखार और खांसी के साथ सांस लेने में तकलीफ बढ़ रही हो तो इसे गंभीरता से लेना चाहिए। समय पर जांच और उपचार से संक्रमण के गंभीर होने की संभावना को कम करने में मदद मिल सकती है।
भीड़भाड़ से बचने और हाथों की सफाई पर जोर
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को भीड़भाड़ वाले स्थानों पर अनावश्यक रूप से जाने से बचने की सलाह दी है। हाथों को साबुन और पानी से नियमित रूप से धोने, व्यक्तिगत स्वच्छता बनाए रखने तथा घर और आसपास साफ-सफाई रखने पर जोर दिया गया है।
H1N1 संक्रमित व्यक्ति के खांसने या छींकने के दौरान निकलने वाली बूंदों के संपर्क में आने से संक्रमण फैल सकता है। इसलिए बंद और भीड़भाड़ वाली जगहों पर विशेष सावधानी बरतना जरूरी है।
7 मरीजों के अस्पताल में भर्ती होने से बढ़ी सतर्कता
दुर्ग जिले में अब तक 13 H1N1 मामलों की पुष्टि स्वास्थ्य विभाग के लिए सतर्कता का संकेत है। हालांकि 4 मरीजों के स्वस्थ होकर घर लौटने से राहत है, लेकिन वर्तमान में 7 मरीजों के अस्पताल में भर्ती होने को देखते हुए विभाग लोगों से सावधानी बरतने की अपील कर रहा है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने लोगों से लक्षण दिखाई देने पर समय पर चिकित्सकीय जांच कराने और संक्रमण की स्थिति में आवश्यक सावधानियां अपनाने की अपील की है।

