महासमुंद में सनसनी, बर्थडे पर मिलने बुलाकर आंखें बंद कराई और कर दी वारदात; दूसरी घटना में अंतरजातीय विवाह से नाराज पिता गिरफ्तार
महासमुंद। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में जन्मदिन की रात एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। शादी के लिए लगातार दबाव बना रही प्रेमिका से छुटकारा पाने के लिए एक नाबालिग युवक ने उसे जन्मदिन पर “खास गिफ्ट” देने का झांसा दिया। आरोपी ने युवती से आंखें बंद करने को कहा और फिर पत्थर से सिर कुचलकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए नाबालिग आरोपी को हिरासत में लेकर बाल न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे बाल संप्रेक्षण गृह भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार खल्लारी थाना क्षेत्र के ग्राम रामखेड़ा झारा नाला में रेत में दबी युवती की लाश मिलने के बाद जांच शुरू की गई। मृतका की पहचान भारती टंडन के रूप में हुई। जांच में सामने आया कि युवती आरोपी से शादी करने का दबाव बना रही थी। 19 जून को बालिग होने के बाद वह घर से कपड़े लेकर प्रेमी के साथ भागने के इरादे से मिलने पहुंची थी।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि शादी के लगातार दबाव और विवाद से परेशान होकर उसने हत्या की योजना बनाई। घटनास्थल से मिले साक्ष्य और कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस आरोपी तक पहुंची, जिसने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया।
अंतरजातीय विवाह बना हत्या की वजह, पिता सूरत से गिरफ्तार
इधर महासमुंद जिले के ही पटेवा थाना क्षेत्र में अंतरजातीय प्रेम विवाह के कारण बेटी की हत्या का सनसनीखेज मामला भी सामने आया है। पुलिस ने मुख्य आरोपी पिता उमेश सिंह को गुजरात के सूरत से गिरफ्तार कर लिया है। उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त बाइक, मोबाइल और कपड़े बरामद किए गए हैं।
पुलिस के अनुसार 17 जून को तुरेंगा गांव के एक खेत में अज्ञात महिला का शव मिला था। जांच में मृतका की पहचान बागबाहरा निवासी रानी कुमारी सिंह के रूप में हुई। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि अंतरजातीय विवाह से नाराज पिता उमेश सिंह, चाचा दिनेश सिंह और बड़े पिता राजेश सिंह ने मिलकर हत्या की साजिश रची। आरोपियों ने रानी को जबरन अपने साथ ले जाकर सुनसान खेत में धारदार हथियार से उसकी हत्या कर दी।
तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने सूरत पहुंचकर स्थानीय पुलिस की मदद से मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस का कहना है कि दोनों मामलों में जांच जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।



