
रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकारी भर्ती प्रक्रिया को अधिक सुव्यवस्थित, पारदर्शी और सरल बनाने के लिए राज्य सरकार कर्मचारी चयन मंडल के गठन की तैयारी कर रही है। इस संबंध में प्रस्ताव सरकार के पास भेज दिया गया है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद समान योग्यता वाले विभिन्न विभागों के पदों के लिए एक ही संयुक्त परीक्षा आयोजित करने की योजना है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्तमान में राज्य के विभिन्न विभाग अपने स्तर पर अलग-अलग भर्ती परीक्षाएं आयोजित करते हैं। इससे अभ्यर्थियों को कई परीक्षाओं में शामिल होना पड़ता है और सरकार को भी बार-बार परीक्षा आयोजित करनी पड़ती है। प्रस्तावित कर्मचारी चयन मंडल बनने के बाद इन सभी भर्ती प्रक्रियाओं को एक मंच पर लाने की योजना है।
नई व्यवस्था लागू होने पर समान योग्यता वाले पदों को अलग-अलग श्रेणियों में विभाजित कर संयुक्त परीक्षा आयोजित की जाएगी। इससे भर्ती प्रक्रिया को तेज, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने में मदद मिलेगी। साथ ही अभ्यर्थियों को अलग-अलग आवेदन और परीक्षा की प्रक्रिया से राहत मिलेगी, जिससे उनका समय और खर्च दोनों कम होंगे।
वर्तमान में प्रदेश में सरकारी भर्तियों के लिए मुख्य रूप से छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) और व्यापमं के माध्यम से विभिन्न प्रकार की परीक्षाएं आयोजित की जाती हैं। प्रस्तावित कर्मचारी चयन मंडल बनने के बाद इन परीक्षाओं को व्यवस्थित रूप से एकीकृत करने की योजना है।
बताया जा रहा है कि हाल ही में मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने मंत्रालय में भर्ती परीक्षाओं की समीक्षा की थी। समीक्षा के दौरान यह सामने आया कि समान योग्यता वाले पदों के लिए अलग-अलग विभागों द्वारा अलग-अलग परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं, जिससे अभ्यर्थियों पर अतिरिक्त बोझ पड़ता है।
इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य में कर्मचारी चयन मंडल के गठन की पहल की गई है। प्रस्ताव को जल्द ही विधानसभा में प्रस्तुत किया जा सकता है। मंजूरी मिलने के बाद राज्य में संयुक्त भर्ती परीक्षा प्रणाली लागू होने की संभावना है।

