आम उपभोक्ताओं पर बढ़ा महंगाई का बोझ, नई दरें आज से लागू
रायपुर, 7 जून 2026। छत्तीसगढ़ के लाखों घरेलू उपभोक्ताओं को एक बार फिर महंगाई का झटका लगा है। तेल विपणन कंपनियों ने घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों में ₹29 तक की बढ़ोतरी कर दी है। राजधानी रायपुर में 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत अब ₹984 से बढ़कर ₹1013 हो गई है। नई दरें रविवार से प्रभावी कर दी गई हैं।
तीन महीने में दूसरी बार बढ़े दाम
गौरतलब है कि पिछले तीन महीनों के भीतर घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में यह दूसरी बढ़ोतरी है। इससे पहले 7 मार्च 2026 को सिलेंडर के दामों में ₹60 की वृद्धि की गई थी। ताजा बढ़ोतरी को जोड़ने पर घरेलू गैस सिलेंडर तीन महीने में कुल ₹89 महंगा हो चुका है, जिससे आम परिवारों के मासिक बजट पर अतिरिक्त दबाव बढ़ गया है।
कमर्शियल सिलेंडर भी हुआ था महंगा
घरेलू गैस से पहले करीब एक सप्ताह पूर्व कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में भी लगभग ₹53 की बढ़ोतरी की गई थी। होटल, रेस्टोरेंट और छोटे व्यवसायों पर इसका सीधा असर पड़ा है। तेल कंपनियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊर्जा कीमतों में वृद्धि और घरेलू बिक्री पर होने वाले नुकसान के कारण दाम बढ़ाना आवश्यक हो गया था।
तेल कंपनियों का दावा, अभी भी हो रहा नुकसान
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सरकारी तेल कंपनियों का दावा है कि घरेलू एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर उन्हें प्रति सिलेंडर लगभग ₹703 तक का नुकसान हो रहा था। हालिया मूल्य वृद्धि के बाद भी नुकसान की केवल आंशिक भरपाई ही संभव हो सकेगी।
इससे पहले 8 अप्रैल 2025 को घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दामों में ₹50 की वृद्धि की गई थी। वहीं 1 मार्च 2026 को कमर्शियल गैस सिलेंडर के दामों में ₹31 तक बढ़ोतरी दर्ज की गई थी। इसके अलावा 5 किलोग्राम वाले एलपीजी सिलेंडर की कीमत में भी ₹11 का इजाफा किया गया था, जिससे इसकी कीमत बढ़कर ₹821.50 हो गई।
पेट्रोल-डीजल और CNG की कीमतों में भी इजाफा
एलपीजी के साथ-साथ पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कीमतों में भी हाल के दिनों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मई महीने के दौरान पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कुल मिलाकर लगभग ₹7.50 प्रति लीटर तक वृद्धि हुई, जबकि सीएनजी करीब ₹6 प्रति किलोग्राम महंगी हुई है।
तेल कंपनियों के अनुसार पेट्रोल पर करीब ₹11 प्रति लीटर और डीजल पर ₹33.6 प्रति लीटर का नुकसान अभी भी हो रहा है। सरकार का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों का पूरा बोझ उपभोक्ताओं पर नहीं डाला गया है और उसका कुछ हिस्सा कंपनियां स्वयं वहन कर रही हैं।
कैसे तय होती है एलपीजी सिलेंडर की कीमत?
एलपीजी सिलेंडर की कीमत कई कारकों के आधार पर निर्धारित की जाती है—
- अंतरराष्ट्रीय बाजार में एलपीजी की कीमतें
- डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की स्थिति
- आयात, परिवहन और बॉटलिंग की लागत
- वितरण और विपणन खर्च
- तेल कंपनियों की लागत एवं बाजार परिस्थितियां
- केंद्र सरकार की टैक्स और सब्सिडी संबंधी नीतियां
बढ़ती कीमतों से आम जनता चिंतित
लगातार बढ़ रही ईंधन और रसोई गैस की कीमतों ने आम उपभोक्ताओं की चिंता बढ़ा दी है। घरेलू गैस, पेट्रोल, डीजल और सीएनजी के महंगे होने से परिवहन, खाद्य सामग्री और दैनिक उपयोग की वस्तुओं की लागत पर भी असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार में कीमतें ऊंची बनी रहती हैं तो आने वाले महीनों में भी राहत की संभावना कम दिखाई देती है।
(रिपोर्ट: CG News Hub Desk)

