
रायपुर।पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय (PTRSU) में शुक्रवार 13 मार्च 2026 को दो दिवसीय छत्तीसगढ़ ग्रीन समिट 2026 का शुभारंभ हुआ। समिट का उद्घाटन मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विश्वविद्यालय के प्रेक्षागृह में किया। इस अवसर पर कुलपति प्रो. सच्चिदानंद शुक्ला, रजिस्ट्रार डॉ. शैलेन्द्र कुमार पटेल और कार्यक्रम अधिकारी अंवेशा पॉल सहित कई प्राध्यापक, शिक्षाविद और छात्र उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि वर्तमान समय में जलवायु संकट लगातार बढ़ता जा रहा है। ऐसे में केवल पर्यावरण संरक्षण पर चिंतन करने से काम नहीं चलेगा, बल्कि हमें अपने व्यवहार और जीवनशैली में भी बदलाव लाना होगा। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ देश में स्टील उत्पादन का एक बड़ा केंद्र है और इस क्षेत्र में कार्बन फुटप्रिंट कम करने के लिए ग्रीन स्टील जैसे नवाचारों को अपनाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि भारतीय वन सर्वेक्षण रिपोर्ट 2023 के अनुसार संयुक्त वन एवं वृक्ष आवरण में वृद्धि के मामले में छत्तीसगढ़ ने देश में पहला स्थान हासिल किया है। उन्होंने इसे राज्य सरकार की नीतियों और प्रदेशवासियों की पर्यावरण के प्रति जागरूकता का परिणाम बताया।
समिट में पर्यावरण और सतत विकास पर चर्चा
ग्रीन समिट के दौरान पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास और पारंपरिक ज्ञान को बढ़ावा देने जैसे विषयों पर चर्चा की गई। कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण में योगदान देने वाले लोगों और समुदायों को ग्रीन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
समिट में जनजातीय कथावाचन, आर्ट वॉक, ग्रीन ट्रेल और वन आधारित आजीविका से जुड़े उद्यमों के स्टॉल भी लगाए गए। इसके साथ ही प्रादेशिक सेना की इको टास्क फोर्स ने वनों के पुनर्स्थापन और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में पैनल चर्चा, शैक्षणिक प्रस्तुतियां और विभिन्न छात्र गतिविधियां भी आयोजित की गईं, जिनमें कई महाविद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया।
आयोजकों के अनुसार यह दो दिवसीय समिट 14 मार्च 2026 तक चलेगा, जिसका उद्देश्य सरकार, शैक्षणिक संस्थानों, सामाजिक संगठनों और युवाओं को एक मंच पर लाकर सतत विकास के लिए संवाद और सहयोग को बढ़ावा देना है।
कार्यक्रम से पहले NSUI नेता को हिरासत में लिया
समिट के पहले विश्वविद्यालय पुलिस ने एनएसयूआई के विश्वविद्यालय अध्यक्ष पुनेश्वर लहरे को हिरासत में ले लिया। जानकारी के अनुसार लहरे अपने साथियों के साथ मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपने की तैयारी कर रहे थे।
एनएसयूआई नेता पुनेश्वर लहरे ने बताया कि ज्ञापन में छात्रसंघ चुनाव की बहाली, कॉलेज आने-जाने के लिए मासिक यात्रा भत्ता और युवाओं से जुड़े अधूरे चुनावी वादों को पूरा करने की मांग शामिल थी।

