दुर्ग/भिलाई।
दुर्ग जिले के भिलाई स्थित जयंती स्टेडियम में 25 से 29 दिसंबर तक आयोजित पंडित धीरेंद्र शास्त्री महाराज की हनुमंत कथा में देशभर से लाखों श्रद्धालु पहुंचे हैं। भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर रखी है। इसी दौरान श्रद्धालुओं के बीच संदिग्ध गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर पुलिस ने 9 महिलाओं सहित कुल 20 लोगों को हिरासत में लिया है।
पुलिस के अनुसार, ये संदिग्ध श्रद्धालु बनकर कथा स्थल एवं उसके आसपास घूम रहे थे। संदेह होने पर पुलिस ने पहले निगरानी की और बाद में रविवार रात इन्हें हिरासत में लिया। जांच के दौरान इनके पास कोई वैध पहचान पत्र या प्रवेश पास नहीं मिला।
चोरी और चेन स्नेचिंग रोकने पुलिस अलर्ट
कथा में उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए चोरी, पॉकेटमारी और चेन स्नेचिंग जैसी घटनाओं की आशंका के मद्देनजर दुर्ग पुलिस पहले से ही अलर्ट मोड पर है। पुलिस की सिविल ड्रेस टीम लगातार कथा स्थल और आसपास गश्त कर रही है। संदिग्ध गतिविधि पाए जाने पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है।
बाहरी राज्यों के संदिग्धों से पूछताछ
रविवार को सूचना मिली कि कुछ महिला-पुरुष बिना किसी वैध पहचान पत्र के कथा पंडाल के आसपास घूम रहे हैं। इसके बाद थाना भिलाई नगर पुलिस ने पंडाल के अंदर और बाहर गहन जांच अभियान चलाया। इस दौरान मध्य प्रदेश, बिहार और उत्तर प्रदेश से आए 11 संदिग्ध महिला-पुरुषों को पकड़ा गया। संतोषजनक जवाब और दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर पाने पर सभी के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए इस्तगासा तैयार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
आज कथा का अंतिम दिन
पंडित धीरेंद्र शास्त्री महाराज की कथा का समापन आज 29 दिसंबर को होगा। अंतिम दिन की भीड़ को देखते हुए पुलिस ने अतिरिक्त बल तैनात किया है और लगातार पेट्रोलिंग एवं चेकिंग अभियान जारी है।
हिरासत में लिए गए संदिग्ध
हिरासत में लिए गए संदिग्धों में अकी रुइया, रहीस्ता बाई, देवरिया, परमाल सिंह, आलमगीर, भावना, करू जमीदार, टिंकू केवट, श्रवण कुमार, सुनील कुमार एवं आशु सहित अन्य शामिल हैं।
पुलिस ने आम श्रद्धालुओं से भी अपील की है कि वे सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।


