
दुर्ग-भिलाई। दुर्ग जिले के साइंस कॉलेज में पार्किंग व्यवस्था को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। बढ़ती वाहनों की संख्या और पर्याप्त पार्किंग सुविधा के अभाव को लेकर छात्रों एवं एनएसयूआई ने दो दिवसीय सत्याग्रह आंदोलन शुरू कर दिया है। कॉलेज परिसर के बाहर बैठकर छात्र अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव आदित्य नारंग ने बताया कि कॉलेज में करीब 8 हजार से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं, लेकिन उनके वाहनों के लिए पर्याप्त पार्किंग की व्यवस्था नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कॉलेज की जमीन, जो छात्रों के उपयोग के लिए होनी चाहिए, उसका उपयोग प्रशासन अन्य कार्यों में कर रहा है, जिससे छात्रों को परेशानी हो रही है।
आंदोलन में शामिल छात्रों का कहना है कि पहले से ही कैंपस में जगह की कमी है। ऐसे में यदि उपलब्ध जमीन का उपयोग अन्य उद्देश्यों के लिए किया जाएगा, तो पार्किंग की समस्या और गंभीर हो जाएगी। छात्रों को मजबूरी में अपने वाहन सड़क पर खड़े करने पड़ते हैं, जिससे ट्रैफिक बाधित होता है और सुरक्षा का खतरा भी बना रहता है।
छात्रों ने चेतावनी दी है कि यह फिलहाल सांकेतिक सत्याग्रह है, जो दो दिनों तक चलेगा। यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा।
वहीं, कॉलेज प्रबंधन ने इस पूरे मामले में अलग रुख अपनाया है। प्राचार्य डॉ. अजय सिंह ने कहा कि आंदोलन में शामिल लोग कॉलेज के छात्र नहीं, बल्कि बाहरी हैं। उन्होंने बताया कि इस संबंध में कॉलेज को कोई आधिकारिक सूचना या आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है।
प्राचार्य ने स्पष्ट किया कि जिस जमीन को लेकर विवाद किया जा रहा है, वहां शासन के निर्देश पर पार्किंग का निर्माण कार्य किया जा रहा है, जिसका उपयोग कॉलेज के लिए ही होगा। उन्होंने यह भी कहा कि आंदोलनकारियों से अब तक कोई औपचारिक चर्चा नहीं हुई है और उनकी पहचान स्पष्ट नहीं है।

