दुर्ग: छत्तीसगढ़ के हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की आधिकारिक website को पाकिस्तानी हैकर्स ने निशाना बनाया है। हैकर्स ने वेबसाइट के होमपेज को हैक कर उस पर आपत्तिजनक संदेश और गालियां लिखीं। इस साइबर हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान की हैकिंग ग्रुप्स ‘Mery’ और ‘OAM 1137’ ने ली है। इस घटना ने विश्वविद्यालय प्रशासन और छात्रों में हड़कंप मचा दिया है।
Hackers ने homepage पर लिखा आपत्तिजनक संदेश
पाकिस्तानी हैकर्स ने वेबसाइट के होमपेज पर न केवल अपशब्द लिखे, बल्कि भारत के खिलाफ धमकी भरे संदेश भी छोड़े। संदेश में लिखा गया कि यदि भारत ने पुंछ या पाकिस्तान के सैन्य मामलों में हस्तक्षेप करने की कोशिश की, तो और गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। इस हमले की सूचना सबसे पहले विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. संजय तिवारी को दी गई, जिसके बाद तत्काल कार्रवाई शुरू की गई।

Server बंद, सुधार की कोशिश जारी
घटना की जानकारी मिलते ही विश्वविद्यालय प्रशासन ने वेबसाइट के सर्वर को बंद कर दिया। वेबसाइट को ठीक करने की जिम्मेदारी थर्ड पार्टी एजेंसी को सौंपी गई है, जो इसे सुधारने में जुटी है। रात 10 बजे तक agency ने वेबसाइट को पुनः सुचारू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी थी। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि वेबसाइट का डाटा सुरक्षित है या नहीं।
विश्वविद्यालय प्रशासन को नहीं थी जानकारी
हैरानी की बात यह है कि इस साइबर हमले की जानकारी विश्वविद्यालय के किसी भी वरिष्ठ अधिकारी को नहीं थी। प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सर्वर बंद कराया। इस घटना ने विश्वविद्यालय की cyber security की कमजोरियों को उजागर कर दिया है।
Third party agency ने बनाई थी वेबसाइट
जानकारी के अनुसार, हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की वेबसाइट को एक थर्ड पार्टी एजेंसी ने डिजाइन और मेंटेन किया था। यह वेबसाइट प्रवेश, परीक्षा फॉर्म भरने और परिणाम जारी करने जैसे महत्वपूर्ण कार्यों के लिए उपयोग की जाती है। cyber हमले के बाद एजेंसी पर भी सवाल उठ रहे हैं कि आखिर इतनी आसानी से वेबसाइट कैसे हैक हो गई।
Cyber security की कमजोरी उजागर
साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि वेबसाइट की खराब सिक्योरिटी इस हमले का प्रमुख कारण रही। हैकर्स ने कमजोर सिक्योरिटी सिस्टम का फायदा उठाकर वेबसाइट को निशाना बनाया। विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि ऐसी घटनाओं से बचने के लिए विश्वविद्यालय को अपनी साइबर सिक्योरिटी को और मजबूत करना होगा।

छात्रों को हो रही परेशानी
वेबसाइट के बार-बार क्रैश होने और हैक होने की वजह से छात्रों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दोपहर से ही वेबसाइट तक पहुंचने में दिक्कत हो रही थी, और शाम को जब छात्रों ने browser पर website खोली, तो होमपेज पर आपत्तिजनक सामग्री देखकर उनके होश उड़ गए। यह वेबसाइट छात्रों के लिए प्रवेश और परीक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण कार्यों के लिए आवश्यक है, जिसके बाधित होने से उनका काम प्रभावित हुआ है।
Hackers की धमकी, बढ़ा खतरा
हैकर्स ने अपने संदेश में भारत को cyber space में हमले करने की धमकी दी है। उन्होंने दावा किया कि अगर भारत ने उनकी गतिविधियों में दखल देने की कोशिश की, तो वे और बड़े पैमाने पर साइबर हमले करेंगे। इस घटना ने साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में भारत के सामने मौजूद चुनौतियों को और गंभीर कर दिया है।
विश्वविद्यालय प्रशासन की चुप्पी
विश्वविद्यालय प्रशासन ने अभी तक इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। डाटा सुरक्षा को लेकर भी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है, जिससे छात्रों और अभिभावकों में चिंता बढ़ रही है। इस घटना ने एक बार फिर साइबर सुरक्षा के प्रति लापरवाही को उजागर किया है।