
नई दिल्ली/रायपुर |
देश में लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाने को लेकर बड़ी तैयारी चल रही है। इसी क्रम में छत्तीसगढ़ में भी लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। वर्तमान में राज्य में 11 लोकसभा सीटें हैं, जो बढ़कर 18 तक हो सकती हैं।
महिला आरक्षण को मिलेगा बढ़ावा
सूत्रों के अनुसार, प्रस्तावित नई सीटों में से कई सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की जा सकती हैं। इससे महिला प्रतिनिधित्व को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
देशभर में बढ़ेगी सीटों की संख्या
जानकारी के मुताबिक, पूरे देश में लोकसभा सीटों की संख्या 543 से बढ़ाकर 816 करने की तैयारी है। इसके लिए संसद में संशोधन विधेयक लाया जाएगा।
विशेष सत्र में आ सकता है बिल
बताया जा रहा है कि संसद का विशेष सत्र 16 अप्रैल से 3 दिनों के लिए बुलाया जा सकता है, जिसमें यह अहम विधेयक पेश किया जाएगा।
इस संबंध में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरण रिजिजू ने संकेत दिए हैं कि सरकार जल्द ही एक महत्वपूर्ण बिल लाने वाली है।
मतदाताओं की बढ़ती संख्या बनी वजह
छत्तीसगढ़ के कई लोकसभा क्षेत्रों में मतदाताओं की संख्या 20 लाख से अधिक हो चुकी है। प्रमुख क्षेत्र:
- रायपुर
- दुर्ग
- बिलासपुर
- जांजगीर-चांपा
- राजनांदगांव
- रायगढ़
इन क्षेत्रों में तेजी से बढ़ती आबादी और मतदाताओं के कारण सीटों के पुनर्गठन (परिसीमन) की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
विधानसभा सीटें भी बढ़ सकती हैं
लोकसभा सीटों के साथ-साथ राज्य में विधानसभा सीटों की संख्या भी बढ़ाने पर विचार चल रहा है। वर्तमान में 90 सीटें हैं, जिन्हें बढ़ाकर 120 करने की चर्चा है।
परिसीमन का आधार क्या होगा?
- मतदाताओं की संख्या
- भौगोलिक क्षेत्र
- प्रशासनिक सुविधा
- जनप्रतिनिधि तक पहुंच आसान बनाना
क्या होगा असर?
- छोटे-छोटे निर्वाचन क्षेत्र बनेंगे
- जनता और सांसद के बीच संपर्क बेहतर होगा
- चुनाव प्रबंधन आसान होगा
- महिला प्रतिनिधित्व बढ़ेगा
अगर यह विधेयक संसद से पास होता है, तो छत्तीसगढ़ की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। नए परिसीमन के साथ राज्य की राजनीतिक संरचना और प्रतिनिधित्व दोनों में महत्वपूर्ण परिवर्तन होंगे।
