
रायपुर | 01 अप्रैल 2026
छत्तीसगढ़ में नए वित्तीय वर्ष 2026-27 की शुरुआत के साथ ही शराब प्रेमियों को झटका लगा है। राज्य में अब बीयर पीना महंगा हो गया है। आबकारी विभाग द्वारा जारी नई दरों के अनुसार, हर बीयर बोतल पर लगभग 10 रुपए की वृद्धि की गई है। इसके साथ ही कुछ प्रीमियम शराब ब्रांड्स के दाम भी बढ़ाए गए हैं, जबकि सामान्य श्रेणी की शराब के रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
📌 क्या बदला नए रेट में
- बीयर की हर बोतल पर लगभग 10 रुपए की बढ़ोतरी
- प्रीमियम ब्रांड्स महंगे, कुछ ब्रांड्स में कमी भी
- 314 ब्रांड्स के दाम यथावत
- 83 ब्रांड्स के रेट कम किए गए
- आम उपभोक्ताओं द्वारा ज्यादा उपयोग की जाने वाली सस्ती शराब के दाम स्थिर
📊 आबकारी विभाग का फैसला
आबकारी विभाग ने विदेशी मदिरा की आपूर्ति के लिए कंपनियों से प्राप्त रेट ऑफर (लैंडिंग प्राइस) पर विचार करने के बाद नई दरों को मंजूरी दी है। यह प्रक्रिया ग्लोबल टेंडर और नेगोशिएशन के बाद पूरी की गई।
नई दरें 31 मार्च 2027 तक लागू रहेंगी।
💰 सरकार को मिला भारी राजस्व
- वित्तीय वर्ष 2025-26 में 10,700 करोड़ रुपए का आबकारी राजस्व
- लक्ष्य था 12,500 करोड़ रुपए, लेकिन पूरा नहीं हुआ
- इसके बावजूद राज्य में शराब और बीयर की खपत में 25% की वृद्धि दर्ज की गई
🍺 बीयर प्रेमियों पर असर
राज्य में लगभग 30-40 बीयर ब्रांड्स उपलब्ध हैं। अब हर बोतल पर अतिरिक्त भुगतान करना होगा। वहीं, प्रीमियम शराब के कुछ ब्रांड्स में कीमतें काफी बढ़ गई हैं—जो पहले लगभग ₹3500 में मिलती थीं, अब ₹5000 तक पहुंच सकती हैं।
🗣️ मंत्री का बयान
आबकारी मंत्री ने बताया कि ऑल इंडिया ब्रांड्स में आंशिक वृद्धि हुई है। कुछ कंपनियों के रेट अभी लंबित हैं, जिन पर मोलभाव के बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
📌 निष्कर्ष
नए वित्तीय वर्ष में जहां सरकार राजस्व बढ़ाने पर फोकस कर रही है, वहीं आम उपभोक्ताओं को अब बीयर के लिए ज्यादा कीमत चुकानी होगी। हालांकि, सस्ती शराब के दाम स्थिर रखकर आम वर्ग को कुछ राहत दी गई है।


