
राजधानी रायपुर के लाखे नगर इलाके में प्रतिबंधित चाइनीज मांजे का एक और खतरनाक मामला सामने आया है। यहां एक नाबालिग बच्चे द्वारा पतंग उड़ाने के दौरान रास्ते से गुजर रही ब्राह्मण पारा निवासी एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। तेज धार वाले मांजे की चपेट में आने से महिला के होंठ और उंगली कट गई, जिससे खून बहने लगा और उसे तत्काल अस्पताल में भर्ती करना पड़ा। इस घटना के बाद इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है।
घटना कैसे हुई?
घटना लाखे नगर क्षेत्र में हुई, जहां एक नाबालिग बच्चा खुलेआम पतंग उड़ा रहा था। उसी समय ब्राह्मण पारा की रहने वाली एक महिला पैदल रास्ते से गुजर रही थी। अचानक हवा में फैला प्रतिबंधित चाइनीज मांजा महिला के चेहरे और हाथ में फंस गया। मांजे की अत्यधिक तेज धार के कारण महिला के होंठ और एक उंगली बुरी तरह कट गई। घटना के बाद महिला चीखने लगी और खून बहने लगा। आसपास के लोगों ने तुरंत उसे सहारा दिया और नजदीकी अस्पताल पहुंचाया।

चिकित्सकीय स्थिति
अस्पताल में महिला का प्राथमिक उपचार किया गया। डॉक्टरों ने बताया कि होंठ पर गहरी चोट आई है और उंगली में गंभीर कट है। महिला को सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। डॉक्टरों का कहना है कि चोट गंभीर है, लेकिन जान को खतरा नहीं है।
इलाके में आक्रोश और मांगें तेज
इस घटना के बाद स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि मकर संक्रांति के मौके पर पतंगबाजी बढ़ने वाली है, ऐसे में प्रतिबंधित चाइनीज मांजे का इस्तेमाल पूरी तरह रोकना जरूरी है। प्रभावित परिवार और स्थानीय लोगों ने पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। वे चाहते हैं कि दोषी नाबालिग के अभिभावकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो और इलाके में मांजे की बिक्री व इस्तेमाल पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही लाखे नगर पुलिस मौके पर पहुंची।
पुलिस ने मौका-ए-वारदात का मुआयना किया और प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। प्रतिबंधित मांजे के इस्तेमाल को लेकर संबंधित अभिभावकों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने कहा है कि मकर संक्रांति से पहले पूरे शहर में ऐसे मामलों पर नजर रखी जाएगी और सख्त कार्रवाई की जाएगी।
चाइनीज मांजे पर पहले से प्रतिबंध
छत्तीसगढ़ सरकार ने पहले ही चाइनीज मांजे (ग्लास कोटेड या धातु युक्त मांजे) पर पूर्ण प्रतिबंध लगा रखा है। इसके बावजूद बाजारों में खुलेआम बिक्री और इस्तेमाल देखा जा रहा है। ऐसी घटनाओं से लोगों में भय का माहौल बना हुआ है, खासकर बच्चों और महिलाओं के बीच।

