
बालोद 20 फरवरी 2026। गलती पर जुर्माने की कार्रवाई तो आपने देखी-सुनी और पढ़ी होगी। लेकिन क्या आपने कभी सुना है कि चुगली करने पर भी जुर्माना लगता है ? जी हां छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के एक गांव ने ऐसा ही अनोखा और चौंकाने वाला फैसला लिया है, जिसने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। गांव के लोगोें ने एकराय होकर चुगली कर एक-दूसरे के बीच फसाद और विवाद कराने वालों पर 5 हजार रूपये का जुर्माना तय किया है।
जानकारी के मुताबिक ये अनोखा फैसला बालोद के ग्राम मेढ़की के समस्त ग्रामवासियों ने गुरुवार को किया। बताया जा रहा है कि सुबह के वक्त ग्रामीणों ने बैठक कर सर्वसम्मति से तय किया कि गांव में सार्वजनिक या व्यक्तिगत रूप से किसी व्यक्ति द्वारा एक-दूसरे की बातों को इधर-उधर करना गलत होगा। ऐसे भड़काने वाले चुगलखोरों के खिलाफ गांव ने 5 हजार रुपये का आर्थिक दंड वसूलने का फैसला किया है। गांव वालों का मानना है कि छोटी दिखने वाली चुगली कई बार बड़े विवादों की जड़ बन जाती है।
एक व्यक्ति की बात दूसरे तक तोड़-मरोड़कर पहुंचाने से आपसी रिश्तों में दरार आती है। परिवारों और पड़ोसियों के बीच तनाव बढ़ता है और गांव का माहौल खराब होता है। इसी सामाजिक समस्या पर लगाम लगाने के लिए ग्रामीणों ने सामूहिक बैठक कर जुर्मान का सख्त निर्णय लिया है। इसके साथ ही सामाजिक व धार्मिक भोज के आयोजन में शराब सेवन कर पहुंचने वाले व्यक्ति के खिलाफ भी 5 हजार रुपये का आर्थिक दंड लगाने का निर्णय लिया गया है।
5 साल पहले नशे के खिलाफ लिया था अहम फैसला
आपको बता दे इससे पहले गांव में व्याप्त नशे के प्रचलन पर अंकुश लगाने के लिए ग्रामीणों ने पांच वर्ष पहले भी सामूहिक बैठक कर महत्वपूर्ण निर्णय लिए थे। सर्वसम्मति से गांव में शराब बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए 10 हजार रुपये का आर्थिक दंड का फैसला लिया गया था। ग्रामीणों ने गांव की गली-मोहल्लों और सरहद में शराब बेचने वालों पर 10 हजार रुपये का दंड और सूचना देने वाले लोगों को पुरस्कार स्वरूप एक हजार रुपये देने का प्रस्ताव पारित किया था। गांव के इस सामूहिक फैसले के बाद आज गांव का माहौल पूरी तरह शांत है।
