दुर्ग। शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय, दुर्ग में आगामी 2 एवं 3 जनवरी 2026 को उच्च शिक्षा विभाग द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 पर केन्द्रित दो दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन महाविद्यालय के राधाकृष्णन सभागार में किया जायेगा। यह जानकारी देते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि उच्चशिक्षा विभाग द्वारा रूसा 2.0 योजना के अंतर्गत आयोजित होने वाली इस दो दिवसीय कार्यशाला में देश के विभिन्न संस्थानों के दिग्गज वक्ता अपने विचार व्यक्त करेंगे। कार्यशाला के सफल आयोजन हेतु महाविद्यालय के प्राध्यापकों एवं कर्मचारियों की विभिन्न समितियां गठित की गयी है। डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि 2 जनवरी को प्रातः 11.00 बजे आयोजित होने वाले कार्यशाला के प्रथम सत्र में नई दिल्ली स्थित शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास के राष्ट्रीय सचिव श्री अतुल कोठारी उद्घाटन सत्र में अपना प्रमुख संबोधन देंगे। इनके अलावा विद्या भारती भोपाल के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री रविन्द्र कन्हेरे का भी आमंत्रित व्याख्यान होगा। डॉ. सिंह ने बताया कि इन दो दिवसों के दौरान गुरु घासीदास केन्द्रीय विश्वविद्यालय, बिलासपुर के कुलपति प्रोफेसर आलोक चकवाल तथा आईआईटी भिलाई के निदेशक श्री राजीव प्रकाश एवं झाबुआ मध्य प्रदेश से पधारे शिक्षा से आत्म निर्भर भारत के राष्ट्रीय संयोजक श्री ओम प्रकाश वर्मा भी अपने विचार रखेंगे।
महाविद्यालय की स्वशासी परीक्षा प्रकोष्ठ की नियंत्रक डॉ. जगजीत कौर सलूजा ने बताया कि उच्चशिक्षा विभाग, छ.ग. शासन रायपुर के निदेशानुसार कार्यशाला में सहभागिता हेतु छ.ग. प्रदेश के प्रत्येक जिले के अग्रणी महाविद्यालयों के प्राचार्य, आईक्यूएसी प्रभारी तथा एनईपी समन्वयकों को आमंत्रित किया गया है। इनके अलावा विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपत्ति भी इस दो दिवसीय कार्यशाला में हिस्सा लेंगे। डॉ. सलूजा के अनुसार छ.ग. के विभिन्न संस्थानों के लगभग 25 से अधिक चयनित प्राध्यापक भी इस कार्यशाला में शामिल रहेंगे। डॉ. सलूजा ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 पर केन्द्रित इस कार्यशाला में भारतीय ज्ञान परंपरा पर भी चर्चा होगी। उच्चशिक्षा विभाग छ.ग. शासन के सचिव श्री भारती दासन, आयुक्त, श्री संतोष देवांगन, उच्चशिक्षा विभाग के अन्य अधिकारीगण सहित बड़ी संख्या में प्राध्यापक इस कार्यशाला में हिस्सा लेंगे। उच्चशिक्षा विभाग द्वारा इस कार्यशाला में शामिल होने हेतु छत्तीसगढ़ के महामहिम राज्यपाल तथा माननीय मुख्यमंत्री एवं माननीय उच्चशिक्षा मंत्री से संपर्क किया जा रहा है।



