विधानसभा में शिक्षा विभाग: डीएलएड. शिक्षकों की नियुक्ति पर बड़ा अपडेट, शिक्षा मंत्री ने बताया 1302 पद अब भी खाली

Spread the love

छत्तीसगढ़ विधानसभा में डी.एल.एड. योग्यताधारी सहायक शिक्षकों की पदस्थापना को लेकर सवाल उठे। स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद 2621 बी.एड. योग्यताधारी शिक्षकों को हटाया गया, जिनके बदले अब तक 1319 डी.एल.एड. योग्यताधारी शिक्षकों की नियुक्ति की गई है, जबकि 1302 पद अभी भी रिक्त हैं।

रायपुर 16 दिसंबर 2025। छत्तीसगढ़ विधानसभा में सहायक शिक्षकों की पदस्थापना और नियुक्ति को लेकर एक अहम सवाल उठाया गया। प्रश्न क्रमांक 194 के तहत भाजपा विधायक  रिकेश सेन ने स्कूल शिक्षा मंत्री से डी.एल.एड. योग्यताधारी शिक्षकों की नियुक्ति और सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद की स्थिति पर विस्तृत जानकारी मांगी। इस सवाल के लिखित जवाब में स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने कई महत्वपूर्ण आंकड़े सदन के सामने रखे।

विधायक रिकेश सेन ने अपने प्रश्न में यह जानना चाहा कि राज्य में  उच्चतम न्यायालय के निर्णय के बाद कितने बी.एड. योग्यताधारी सहायक शिक्षकों को सेवा से हटाया गया है। साथ ही उन्होंने यह भी पूछा कि हटाए गए इन शिक्षकों के स्थान पर कितने डी.एल.एड. योग्यताधारी अभ्यर्थियों को सहायक शिक्षक के पद पर नियुक्ति दी गई है, वर्तमान में कितने पद रिक्त हैं और इन रिक्त पदों पर नियुक्ति कब तक की जाएगी।

स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने लिखित उत्तर में बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के अनुपालन में राज्य में कुल 2621 बी.एड. अर्हताधारी सहायक शिक्षकों को सेवा से हटाया गया है। यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश के बाद की गई, जिसमें प्राथमिक स्तर पर शिक्षक नियुक्ति के लिए डी.एल.एड. योग्यता को अनिवार्य माना गया था।
मंत्री ने आगे जानकारी दी कि इन 2621 हटाए गए बी.एड. योग्यताधारी शिक्षकों के बदले अब तक 1319 डी.एल.एड. अर्हताधारी सहायक शिक्षकों को नियुक्ति दी जा चुकी है। इससे स्पष्ट होता है कि आधे से अधिक पदों पर नई नियुक्तियां हो चुकी हैं, लेकिन अभी भी बड़ी संख्या में पद रिक्त बने हुए हैं।

मंत्री के अनुसार, वर्तमान में 1302 सहायक शिक्षक के पद रिक्त हैं। इन रिक्त पदों पर नियुक्ति को लेकर जब समय-सीमा के बारे में पूछा गया तो शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि फिलहाल नियुक्ति की कोई निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। यह जवाब उन अभ्यर्थियों के लिए निराशाजनक रहा, जो लंबे समय से नियुक्ति का इंतजार कर रहे हैं।
इस मुद्दे को लेकर सदन के बाहर भी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल सकती हैं, क्योंकि डी.एल.एड. योग्यताधारी अभ्यर्थी लगातार रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्ति की मांग करते रहे हैं। शिक्षक संगठनों का कहना है कि बड़ी संख्या में स्कूलों में शिक्षकों की कमी है, जिसका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

× How can I help you?